पीलीभीत, दिसम्बर 25 -- पूरनपुर। रासायनिक खेती के दुष्प्रभावों को देखते हुए प्राकृतिक खेती को बढ़ावा देने के जिला गंगा समिति की ओर से नमामि गंगे कार्यक्रम के तहत गोमती उद्गम स्थल पर कार्यक्रम का आयोजन किया गया। प्राकृतिक खेती को प्रोत्साहित करने के लिए सभी को कृषि वैज्ञानिक और अन्य लोगों ने जागरुक किया। कार्यक्रम में वैज्ञानिकों ने बताया कि प्राकृतिक खेती से जहां उत्पादन लागत में उल्लेखनीय कमी आती है, वहीं किसानों की आय में भी बढ़ोतरी हो रही है। केंद्र और राज्य सरकारें प्रशिक्षण शिविरों, किसान गोष्ठियों और प्रदर्शन प्लॉट के माध्यम से किसानों को प्राकृतिक खेती अपनाने के लिए प्रेरित कर रही हैं। कृषि विभाग के अधिकारियों ने बताया कि गोबर, गौमूत्र, जीवामृत, घनजीवामृत और बीजामृत जैसे प्राकृतिक संसाधनों से तैयार खाद व कीटनाशकों के प्रयोग से मिट्ट...
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