घाटशिला, जनवरी 5 -- पोटका, संवाददाता। आदिवासी भूमिज समाज झारखंड के द्वारा स्वतंत्रता सेनानियों के गाथा पर लेखन का दो दिवसीय कार्यशाला 8 एवं 9 जनवरी को बिरसा मंच बड़ा सिगदी में आयोजित किया जाएगा। यह जानकारी आभूस के सलाहकार सिद्धेश्वर सरदार व अध्यक्ष जयपाल सिंह सरदार ने रविवार को प्रेसवार्ता कर पावरु में दिया। उन्होंने कहा कि कार्यशाला के 8 एवं 9 जनवरी का चयन ऐतिहासिक दृष्टिकोण से किया गया है। 8 जनवरी 1770 को देश के प्रथम स्वतंत्रता सेनानी सुबल सिंह को निरंकुश ब्रिटिश हुकूमत द्वारा फांसी दे दी गई। सुबल सिंह हमारे जमीन पर अंग्रेजों द्वारा दखल के विरोधी थे। वे स्वशासन के पक्षधर थे। उन्होंने स्वाभिमान से समझौता नहीं किया, इसलिए अंग्रेजों ने उन्हें मौत की सजा दे दी। 9 जनवरी भी हमारे बिरसा मुंडा जी के द्वारा शुरू उलगुलान दिवस के उपलक्ष्य में रखा...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.