पौड़ी, सितम्बर 23 -- श्री रामलीला मंचन एवं सांस्कृतिक समिति द्वारा रामलीला का 125वां मंचन शुरू हो गया है। बीते सोमवार की देर शाम को रामलीला मैदान में शुरू हुई रामलीला गणेश वंदना जय गणेश, जय गणेश, जय गणेश पहिमाम से आरंभ हुई। दशरथ सुमंत संवाद में दशरथ का गायन मेरे पुत्र नाहीं, पुत्र नाहीं, पुत्र नाहीं जी बड़ा मार्मिक रहा। इससे पूर्व रामलीला का शुभारंभ मुख्य अतिथि पूर्व विधायक एवं पूर्व पालिका परिषद अध्यक्ष यशपाल बेनाम, रामलीला समिति के संरक्षक हरीश रावत, गौरीशंकर थपलियाल ने किया। उन्होंने कहा कि धार्मिक और पौराणिक महत्व के इस आयोजन को संरक्षित करने के लिए युवा पीढ़ी को आगे आने की जरूरत है। इस मौके पर समिति के अध्यक्ष उमाचरण बड़थ्वाल, महादेव की भूमिका मे पारस, पार्वती की आदित, रावण की जगत किशोर बड़थ्वाल, दशरथ की डा. मदन मोहन नौडियाल, सुमंत की...
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