चमोली, अक्टूबर 27 -- चमोली जनपद के पोखरी में आयोजित हिमवंत कवि चन्द्रकुंवर बर्त्वाल खादी पर्यटन किसान विकास मेला इन दिनों सांस्कृतिक रंगों से सराबोर है। मेले की दूसरी संध्या पूरी तरह उत्तराखंड की लोक संस्कृति को समर्पित रही, जहां पंचकेदार सांस्कृतिक संस्थान के कलाकारों ने देर रात तक अपने शानदार प्रदर्शन से दर्शकों का मन मोह लिया। मेले की मुख्य आकर्षण रही प्रदेश की प्रसिद्ध जागर गायिका डॉ. पम्मी नवल, जिन्होंने भैरव जागर, हे मेरी अम्बा हे जगदंबा, तू रैंदी मां ऊंचा पहाड़ों मा, तेरी खुटों मा लेगी गे पराज, ना वे नराज जैसे लोकगीतों की प्रस्तुतियों से उपस्थित दर्शकों को झूमने पर मजबूर कर दिया। उनके स्वर और जागरों की भक्ति से पूरा वातावरण लोकसंगीत के रंग में रंग गया। कार्यक्रम के दौरान नगर पंचायत अध्यक्ष सोहनलाल ने पंचकेदार सांस्कृतिक संस्थान के ...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.