लखनऊ, फरवरी 2 -- पैर दर्द जैसी मामूली दिक्कत पर निजी अस्पताल ने किसान गंगाराम को भर्ती कर सात लाख रुपये वसूल हालात यह हुए कि गंगाराम के परिजनों को अस्पताल का बिल भरने के लिए जेवर बेचने पड़े, यहां तक कि ब्याज पर रुपए तक लिए। फिर भी गंगाराम की जान नहीं बच सकी। रविवार को मौत के बाद परिजनों ने अस्पताल प्रशासन पर इलाज में लापरवाही का आरोप लगाते हुए सीएमओ से शिकायत करने की बात कही है। ठाकुरगंज इंस्पेक्टर और नर्सिंग होम नोडल अधिकारी का कहना है कि मामले की शिकायत आने पर जांच कराई जाएगी। दुबग्गा के इटौली गांव निवासी किसान गंगाराम यादव (36) भाजपा के मंडल मंत्री के भाई थे। परिवारीजनों के अनुसार गंगाराम को पैर में दर्द की शिकायत थी। उनका इलाज कराने के लिए 16 जनवरी को दुबग्गा के निजी अस्पताल ले गए थे, जहां डॉक्टरों ने पैर में मवाद बन जाने की बात कहते ...