नई दिल्ली, अगस्त 22 -- पेट्रोल में इथेनॉल मिलाकर बेचने के सरकार के फैसले को लेकर सुप्रीम कोर्ट में पीआईएल दाखिल हुई है। याचिकाकर्ता ने सरकार के इस फैसले पर सवाल खड़ा किया है। इसके अलावा उसने मांग की है कि इथेनॉल मिले पेट्रोल के अलावा, इथेनॉल फ्री पेट्रोल का ऑप्शन भी उपलब्ध होना चाहिए। याचिकाकर्ता का कहना है कि बिना इथेनॉल-मुक्त पेट्रोल का विकल्प दिए सिर्फ ई-20 पेट्रोल बेचने से लाखों वाहन मालिकों के मौलिक अधिकारों पर असर पड़ता है। यह उनके साथ गलत है जिनके वाहन ई-20 के अनुकूल नहीं हैं।कहा-वाहनों के लिए ठीक नहींयाचिकाकर्ता का कहना है कि ई-20 पेट्रोल ईंधन दक्षता को प्रभावित करता है। यह वाहनों के पुर्जों में जंग का कारण बनता है। ऑटोमोबाइल निर्माताओं को अपने वाहनों को ई-20 के अनुरूप बनाने का अवसर दिए बिना इस नीति को लागू करना अनुचित और मनमाना ह...
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