सुल्तानपुर, नवम्बर 16 -- सुलतानपुर,संवादाता भदैया ब्लॉक के हरिपुर बनवा में आयोजित सात दिवसीय संगीतमय श्रीमद्भागवत कथा में अयोध्या धाम से पधारे कथा व्यास आचार्य आलोक शास्त्री महाराज ने श्री कृष्ण की बाल लीला, पूतना के उद्धार और गोवर्धन की पूजा का अलौकिक वर्णन किया। कथा व्यास ने पूतना के उद्धार की कथा सुनाते हुए बताया कि पूतना अज्ञानता का प्रतीक है, जो भगवान की शरण में जाता है, प्रभु उसकी अज्ञानता रूपी पूतना का वध करते हैं। कथा व्यास श्री शास्त्री ने आगे की कथा में माखन चोरी की कथा कालिया मर्दन की कथा और श्रोताओं को सुनाई। चीर हरण की कथा सुनाते हुए कथा व्यास ने बताया कि भगवान ने किसी का वस्त्र नहीं चुराया बल्कि अविद्या रूपी वस्त्र का हरण किया। गोवर्धन लीला की कथा सुनाते हुए उन्होंने कहा कि गोवर्धन का मतलब गो माने इन्द्रिय जिसने अपनी इंद्रिय...
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