प्रयागराज, जनवरी 7 -- इलाहाबाद हाईकोर्ट ने पुलिस की कार्यप्रणाली को सुधारने के लिए एक बहुत ही सख्त और अहम आदेश दिया है जिसके मुताबिक अब पुलिस को किसी भी तरह की तलाशी या जब्ती के दौरान वीडियोग्राफी करना अनिवार्य होगा। कोर्ट ने साफ कहा है कि अगर पुलिस छापेमारी या किसी सामान की बरामदगी के दौरान वीडियो नहीं बनाती है तो उनकी पूरी कार्रवाई और कहानी पर सवाल उठना लाजिमी है। यह महत्वपूर्ण आदेश मुजफ्फरनगर के एक चोरी के मामले में आया है जहां पुलिस ने 40 चोरी की बाइक बरामद करने का दावा किया था लेकिन इतनी बड़ी कार्रवाई का कोई वीडियो नहीं बनाया गया था। यह भी पढ़ें- सर्द सुबह, धुंध और आग की तपिश; अलाव के सहारे कटी ठिठुरन इसी आधार पर कोर्ट ने आरोपी शादाब को जमानत दे दी। न्यायमूर्ति अरुण कुमार सिंह देशवाल ने कहा कि नए कानून यानी भारतीय नागरिक सुरक्षा संहित...
Click here to read full article from source
To read the full article or to get the complete feed from this publication, please
Contact Us.