सिद्धार्थ, अगस्त 15 -- डुमरियागंज, हिन्दुस्तान संवाद। पुत्रों की दीर्घायु व सुख-समृद्धि के उद्देश्य से गुरुवार को माताओं ने हलषष्ठी व्रत-उपवास किया। पारंपरिक रीति रिवाज से माताओं ने कुश का पूजन-अर्चन कर मांगलिक आशीर्वाद ग्रहण किया। महिलाओं ने व्रत रखकर पुत्र प्राप्ति का आशीर्वाद मांगा। क्षेत्र के बेंवा, भनवापुर, भड़रिया, मन्नीजोत, बढ़नीचाफा, बयारा, औराताल, भारतभारी, मोतीगंज आदि इलाकों में सुबह महिलाओं ने महुआ का दातून करने के बाद स्नान किया। इसके बाद वह पूजन थाल में महुआ का पत्ता, महुआ, चना, तिन्नी का चावल, कुश और पीला वस्त्र लेकर पूजा करने वाले स्थानों पर पहुंची। महिलाओं ने कुश और महुआ के डंठल को जमीन में लगाकर कर उसके नीचे चना और महुआ चढ़ाया। इस दौरान महिलाओं ने कुश में गांठ लगाकर और पीला वस्त्र उसके ऊपर डालकर अपने पुत्रों के दीर्घायु क...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.