मुजफ्फरपुर, जनवरी 2 -- मुजफ्फरपुर, प्रमुख संवाददाता। विश्वविद्यालय सेवा आयोग से नियुक्त सहायक प्राध्यापक की जांच में एक और गड़बड़ी मिली है। नये मामले में एक अभ्यर्थी को पीएचडी करने के दौरान ही अनुभव प्रमाण पत्र में 10 अंक दिये गये हैं। सूचना के अधिकार के तहत यह मामला सामने आया है। बीआरएबीयू के एक अभ्यर्थी ने विवि सेवा आयोग में सूचना के अधिकार के तहत कुछ लोगों को दिये गये अनुभव प्रमाण पत्र के अंकों की जानकारी मांगी थी। नाम न छापने की शर्त पर आवेदक ने कहा कि सूचना के अधिकार में विवि सेवा आयोग ने जवाब दिया कि अभ्यर्थी को अनुभव में 10 में 10 अंक दिये गये हैं। आवेदक का कहना है कि जब अभ्यर्थी की पीएचडी पूरी नहीं हुई तो उसे 10 में 10 अंक कैसे मिल गये? अनुभव प्रमाण पत्र में अधिक अंक देने का मामला पहले भी सामने आ चुका है। एक सहायक प्राध्यापक को 9 ...