पीलीभीत, दिसम्बर 18 -- पूरनपुर। बाघ की चहलकदमी के बाद लगाए गए पिंजरे के पास कोई लोकेशन नहीं मिल पा रही है। पिंजरे के इर्दगिर्द बाघ की चहलकदमी उसके पगचिन्हों से ट्रेस की गई है। डीएफओ और एसडीओ ने मौके पर जाकर जांच पड़ताल करने के बाद ग्रामीणों को जागरुक किया है। क्षेत्र के गांव लोहरपुरा में चार दिन पहले बाघ को पकड़ने के लिए पिंजरा लगाया गया था। पिंजरे में शिकार भी बांधा गया। वन विभाग की टीम निगरानी करती रही लेकिन बाघ की लोकशन वहां पर नहीं मिल सकी। बाघ की लोकेशन पास के ही गांव पताबोझी में देखी गई। बुधवार को फिर से गांव लोहरपुरा में बाघ के पगचिन्ह देखे गए। बाघ पिंजरे से दूर खेतों में चहलकदमी करता रहा। जानकारी होने पर सामाजिक वानिकी के प्रभागीय वनाधिकारी भरत कुमार डी, एसडीओ के साथ टीम को लेकर मौके पर पहुंचे। टीम ने बाघ के पगचिन्हों को टेस करने के...