सोनभद्र, दिसम्बर 4 -- शक्तिनगर। हिन्दुस्तान संवाद एनसीएल बीना आवासीय परिसर स्थित संस्कार भवन में बुधवार शाम आयोजित कवि सम्मेलन का शुभारम्भ बतौर मुख्य अतिथि बीना महाप्रबंधक आर.के सिंह ने दीप प्रज्वलित कर किया। मध्य प्रदेश सतना से आए रवि चतुर्वेदी ने अपने कविता पंक्ति में कहा की न्याय न दे जो विधि होने का क्या मतलब,सुख न दे जो निधि होने का क्या मतलब। राजनीति में गये और दल ना बदले,ऐसे जनप्रतिनिधि होने का क्या मतलब सुनाकर भरपूर समर्थन जुटाया।सिंगरौली के कवि लक्ष्मी कांत निर्भीक नें धीरे धीरे रुका हुआ सारा काम होगा,पापियों का अब रावण सा अंजाम होगा,जिसको लिखना हैं प्रेम मोहब्बत लिखें,मेरी कविता का अक्षर अक्षर बस राम का होगा।हास्य कवि अखिलेश द्विवेदी नें हम अपना दर्द बाटें या न बाटें पर हॅसी बाटें।कवियत्री सोनल जैन नें जगत की पीर से कबीर हो उठा ...