चाईबासा, फरवरी 14 -- जगन्नाथपुर, संवाददाता। मागे पर्व के पावन अवसर पर पैतृक गांव पाताहातु में पारंपरिक श्रद्धा और आस्था का माहौल झारखंड के पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा एवं पूर्व सांसद गीता कोड़ा सपरिवार गांव पहुंचे और दिऊरियों के साथ आदिवासी परंपरा के अनुसार सिंहबोंगा की गोवारी (अर्चना) में शामिल हुए। पर्व के दौरान पारंपरिक रीति-रिवाजों के साथ पूजा-अर्चना की गई। दिऊरियों ने विधिवत पूजा संपन्न कराई, जिसमें गांव की सुख-शांति, खुशहाली और समृद्धि के लिए देशाउली से प्रार्थना की गई। इस अवसर पर गांव के बुजुर्गों, युवाओं एवं महिलाओं की भी बड़ी संख्या में सहभागिता रही। पारंपरिक वेशभूषा और सांस्कृतिक वातावरण ने पूरे गांव को उत्सवमय बना दिया। पूर्व मुख्यमंत्री मधु कोड़ा ने कहा कि मागे पर्व हमारी सांस्कृतिक पहचान और सामाजिक एकता का प्रतीक है। उन्होंने...