हमीरपुर, फरवरी 23 -- हमीरपुर, संवाददाता। मदरसा गुलशन-ए-रहमत में चांद रात से चल रही तरावीह रविवार रात को पांचवें दिन मुकम्मल हो गई। तरावीह पूरी होते कारी-ए-कुरआन को रोजेदारों ने माला फूल पहनाकर और गले मिलकर मुबारकबाद दी। इस मौके पर मदरसे में एक महफिल का आयोजन हुआ। इसमें नात पाक व सलाम पढ़कर हाफिज ने रमजान और कुरान की बरकत, तरावीह व रोजे में अल्लाह व उसके रसूल के हुक्म पर बयान दिया और अमन-चैन की दुआएं मांगी। मदरसे में कारी इजहार खान ने सबसे तरावीह में कुरआन पाक की तिलावत की। माह-ए-मुबारक में मदरसे में मुकम्मल होने वाली शहर की दूसरी तरावीह है। इस मौके पर जलसे का एहतमाम हुआ। देर रात चले जलसे में नातिया कलाम पढ़े गए। रमजान की फजीलतों पर उलेमाओं ने रोशनी भी डाली। उन्होंने कहा कि तरावीह अभी खत्म नहीं हुई है। तरावीह में कलाम पाक सुनना अलग सुन्नत है...
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