पिथौरागढ़, जनवरी 29 -- थल। उत्तराखंड उच्च न्यायालय के न्यायाधीश आलोक महरा ने थल का भ्रमण किया। गुरुवार को महरा अपनी पत्नी हरप्रिया महरा और बेटे सक्षम महरा के साथ थल पहुंचे। इस मौके पर उन्होंने पौराणिक बालेश्वर मंदिर के गर्भ गृह में स्थित स्वयंभू शिवलिंग के दर्शन किए। इस दौरान मंदिर के पुजारी कृष्णानंद भट्ट ने विधि विधान से उनकी पूजा-अर्चना सम्पन्न कराई। बाद में न्यायाधीश महरा ने भैरवनाथ मंदिर में भी पूजा-अर्चना की। जिसके बाद उन्होंने बलतिर गांव पहुंचकर प्राचीन एक हथिया देवाल की कलाकृति देखा। दंत कथाओं के अनुसार इस कलाकृति को रात में एक हाथ ने दराती से तराशा है। बाद में उन्होंने पांखू स्थित न्याय की देवी कोटगाड़ी भगवती मां के दर्शन किए। जिसके बाद वे अपने परिवार के साथ बागेश्वर को रवाना हो गए है। इस दौरान थानाध्यक्ष प्रकाश चंद्र पांडे, तहसील...