गंगापार, जनवरी 3 -- करछना क्षेत्र के कछारी इलाकों में इन दिनों नीलगाय किसानों के लिए बड़ी मुसीबत बन गई हैं। रात के समय झुंड में खेतों में घुसकर गेहूं, चना, सरसों और सब्जी की फसलों को भारी नुकसान पहुंचा रहीं हैं। खेतों में महीनों की मेहनत से तैयार हो रही फसलें कुछ ही घंटों में रौंद दे रहीं हैं, जिससे किसानों की कमर टूट गई है। किसानों का कहना है कि नीलगाय की संख्या लगातार बढ़ रही है। दिन में ये कछार और झाड़ियों में छिपी रहती हैं, जबकि रात होते ही खेतों में धावा बोल देती हैं। कई किसानों ने खेतों की रखवाली के लिए रात-रात भर जागने की मजबूरी बताई है, फिर भी फसल बचा पाना मुश्किल हो रहा है। तारबंदी और खेतों में शोर करने जैसे उपाय भी बेअसर साबित हो रहे हैं।

हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित...