नई दिल्ली, सितम्बर 19 -- सुप्रीम कोर्ट ने दिल्ली की सभी नागरिक एजेंसियों को कड़ा संदेश देते हुए कहा है कि अब 'नींद से जागने' का वक्त आ गया है। मैनुअल स्कैवेंजिंग के कारण होने वाली मौतों को रोकने के लिए कोर्ट ने दिल्ली सरकार के लोक निर्माण विभाग (PWD) पर 5 लाख रुपये का जुर्माना ठोका। इसकी वजह थी कि कोर्ट परिसर के बाहर नालों की सफाई के लिए मजदूरों को बिना सुरक्षा उपकरणों के काम पर लगाया गया।'सुरक्षा नहीं, तो जिम्मेदारों पर FIR' जस्टिस अरविंद कुमार और जस्टिस एनवी अंजारिया की बेंच ने साफ शब्दों में चेतावनी दी कि अगर कोई हादसा हुआ, तो जिम्मेदार अधिकारियों के खिलाफ FIR दर्ज होगी। कोर्ट ने कहा, 'हम स्पष्ट करते हैं कि अगर कोई अनहोनी होती है, तो इस कोर्ट के निर्देश पर अधिकारियों के खिलाफ FIR दर्ज की जाएगी। यह आदेश सिर्फ PWD के लिए नहीं, बल्कि सभी ...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.