गंगापार, फरवरी 28 -- भगवान श्री राम और निषादराज की मित्रता के प्रतीक स्थल निषाद राज उद्यान में स्थापित मूर्तियों, फूलों और नाव आदि को पर्यटकों द्वारा क्षतिग्रस्त कर दिए जाने से पर्यटकों के आवागमन को कार्य पूर्ण होने तक बंद करने के निर्णय से संबंधित एक सूचना निषाद राज उद्यान के बाहर चस्पा किया गया है। प्रधानमंत्री द्वारा 13 दिसंबर को वर्चुअल लोकार्पित निषादराज उद्यान का ढाई महीने में ही बुरा हाल हो गया। स्थानीय ग्रामीणों, शहरियों और पर्यटकों के लिए बड़े टूरिज्म और पिकनिक स्पॉट के रूप में विकसित निषादराज उद्यान के अंदर स्थापित श्री राम वन गमन और यज्ञ करते ऋषियों की मूर्तियों, केवट द्वारा नाव से गंगा पार उतारने को सजीव करते दृश्य की प्रतिमाओं और नाव को पर्यटकों द्वारा क्षतिग्रस्त कर दिए जाने से पर्यटन विभाग और कार्यदाई संस्था द्वारा कार्य पू...
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