पीलीभीत, फरवरी 14 -- पीलीभीत। एनईएफटी के जरिए 1.01 करोड़ के संदिग्ध ट्रांजेक्शन को लेकर सवालों में घिरे चतुर्थ श्रेणी कर्मी इल्हाम उर रहमान शम्सी के अलावा उनकी पत्नी व जिविनि कार्यालय के दो अन्य जिम्मेदारों की मुश्किलें बढ़ना तय है। दरअसल पूरे मामले में गठित की गई जांच समिति ने अपनी रिपोर्ट डीएम को सौंप दी है। मामले में पिछले पांच साल के जिविनि कार्यालय के खाते से हुए ट्रांजेक्शन की उच्चस्तरीय जांच की पेशकश की गई है। निलंबित और आरोपी चतुर्थ श्रेणी कर्मी इल्हाम उर शम्सी पर अभी विभागीय 31 हजार रुपये की बकायेदारी मिली है। इसकी भी रिकवरी कराई जाएगी। सीडीओ की अध्यक्षता वाली जांच समिति ने जिविनि कार्यालय के खाते से अर्शी खातून के खाते में दिसंबर माह में महज 21 एनईएफटी के जरिए 1,01,95,135 हस्तांतरित करने के मामले में जांच पूरी कर ली है। चार सदस्...