फरीदाबाद, फरवरी 8 -- फरीदाबाद। केशव भारद्वाज सूरजकुंड मेला परिसर में झूलों के लिए मानकों को ताक पर रखकर झूलों के लिए जगह आवंटित कर दी गई थी। झूलों के ज़ोन में बफर जोन नहीं बनाया गया। यदि कोई झूला गिर भी जाए तो वहां मौजूद दर्शकों के लिए बचने की कोई गुंजाइश ही न बचे। ऐसा लग रहा है कि जगह आवंटन के दौरान यहां सुरक्षा मानकों को ज्यादा तवज्जो नहीं दी गई। दिल्ली गेट की ओर बनाए गए मनोरंजन पार्क में करीब 30 झूले खड़े हुए हैं। किसी भी झूले में झूले के साइज के हिसाब से दूरी नहीं रखी गई है। वहीं, झूलों के बीच थोड़ा-बहुत अंतर भी है तो वह जगह फास्ट फूड स्टॉल के लिए आवंटित कर दी गई। इससे मनोरंजन पार्क के अंदर भीड़भाड़ होने पर पैदल चलना भी मुश्किल होता था। झूलों के बीच जगह इतनी संकरी कि कोई अफवाह मच जाए तो भगदड़ में भी लोगों की जान चली जाए। मेले में तैनात पुलि...
Click here to read full article from source
To read the full article or to get the complete feed from this publication, please
Contact Us.