बागपत, अक्टूबर 10 -- वह दिन अब दूर नहीं है, जब गोशालाओं के गोबर से वर्मी कंपोस्ट खाद तैयार किया जाएगा। जिससे किसानों की फसलें खेतों पर लहलाएंगी। जी हां, नगर निकायों की गोशालाओं से प्राप्त होने वाले गौबर से वर्मी कंपोस्ट खाद तैयार किया जाएगा। जिसके जरिए निकायों की आमदनी तो बढ़ेगी ही, साथ में किसानों को भी सस्ते दामों पर कंपोस्ट खाद प्राप्त होगा। टटीरी गोशाला के गोबर से तो वर्मी कंपोस्ट खाद तैयार होने लगा है। जिसे बाजार में बेचा भी जा रहा है। बागपत जिले में 40 से अधिक गोशालाएं है। इनमें कुछ गोशालाएं स्थाई, तो कुछ अस्थाई गोशालाएं संचालित हो रही है। बड़ौत और खेकड़ा के साथ ही रटौल, टटीरी, अमीनगर सराय आदि निकाय क्षेत्रों में भी अस्थाई गौशालाएं संचालित हो रही है। बागपत नगर पालिका क्षेत्र में गोशाला का निर्माण चल रहा है। फिलहाल यहां से पकड़े जाने वाल...
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