नई दिल्ली, जनवरी 12 -- देश में नक्सल हिंसा के खिलाफ लड़ाई अपने अंतिम चरण में पहुंच गई है। हिंसा की घटनाएं लगभग शून्य स्तर पर पहुंच गई हैं। गिनती के नक्सली और उनका दिखावटी नेतृत्व बचा है। लड़ाकू कैडर खत्म किया जा चुका है । गृह मंत्रालय आश्वस्त है कि मार्च 2026 के पहले नक्सलवाद खत्म हो जाएगा, लेकिन इसके बाद असल चुनौती विकास प्रक्रिया को सभी नक्सल प्रभावित इलाकों में समान रूप से पहुंचाना है। इसकी विस्तृत कार्ययोजना पर काम चल रहा है। विशेष फंड के जरिये राहत पुनर्वास और विकास का काम नक्सल इलाकों में किया जा रहा है। आंकड़ों के अनुसार, 2014 से दिसंबर 2025 के बीच, सुरक्षा बलों ने नक्सल प्रभावित राज्यों में 1841 नक्सलियों को मार गिराया। 16336 को गिरफ्तार किया और 9588 के आत्मसमर्पण में सहायता की। अधिकारियों ने कहा कि ये आंकड़े पिछले एक दशक में नक्स...