बलराम मिश्र, अप्रैल 5 -- दिए थे न चार, पांच। आठ दिन पहले उसे ठीक कर दिए हैं। सम्मानित नंबर दे दिए हैं तुमको। हां, तुमको जो है एक गिफ्ट देना है। अब तुमको जो भी गिफ्ट देना है, अपने मन से सोच कर रखना है। इसमें मेरा कोई रिक्वेस्ट नहीं है। ठीक है। तुमको आगे भी फर्दर मने मिलता रहेगा। सोचना नहीं है तुमको। ये बातचीत तिलका मांझी भागलपुर विश्वविद्यालय (टीएमबीयू) के एक विभाग के असिस्टेंट प्रोफेसर और छात्रा के बीच की बताई जा रही है। इस संवाद का ऑडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। हालांकि इसकी पुष्टि हिन्दुस्तान नहीं करता है। विश्वविद्यालय के कई लोगों ने ऑडियो में टीचर की आवाज पहचान ली है, लेकिन कुछ बोलने से परहेज कर रहे हैं। विश्वविद्यालय प्रशासन ऑडियो की जांच करे तो सारी सच्चाई सामने आ सकती है। इस ऑडियो में जो बातचीत हो रही है, उससे स्पष्ट...
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