सुल्तानपुर, जून 3 -- लंभुआ, संवाददाता। लंभुआ क्षेत्र में स्थित धोपाप धाम में व्यापारी नेता रवींद्र त्रिपाठी के नेतृत्व में हो रही श्री राम कथा में कथा कहते कथा व्यास दिलीप कृष्ण भारद्वाज ने श्रोताओं को धनुष भंजन एवं राम सीता विवाह का प्रसंग सुनाते हुए बताया कि राम और सीता का मिलन सर्वप्रथम पुष्प वाटिका में होता है, जहां सीता राम जी को देखकर मन ही मन उन्हें पसंद कर बैठी। देवी पार्वती के समक्ष उन्हें अपने पति के रूप में पाने का आशीर्वाद मांगती हैं। जब सीता का स्वयंवर होता है तो राजा जनक एक शर्त रखते हैं, वह सीता का विवाह उसी से करने की बात कहते हैं जो शिव धनुष को उठा सकता हो।
हिंदी हिन्दुस्तान की स्वीकृति से एचटीडीएस कॉन्टेंट सर्विसेज़ द्वारा प्रकाशित...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.