हरदोई, नवम्बर 6 -- हरदोई। जिला व सत्र न्यायाधीश रीता कौशिक ने एक हिन्दू युवती को बहला-फुसलाकर उसका अपहरण करने के बाद उसका धर्म परिवर्तन करने के प्रयास के मामले में आरोपी मां-बेटी की जमानत अर्जी पर सुनवाई की। जमानत पर छोड़े जाने का आधार पर्याप्त नहीं माना और जमानत अर्जी खारिज कर दी। जिला शासकीय अधिवक्ता सत्येंद्र कुमार सिंह ने बताया कि शहर के मोहल्ला पीतांबर गंज निवासी नजमा बानो उर्फ नाजिया और उसकी बेटी रौनक उर्फ शाफिया ने 15 अक्तूबर 2025 को एक 17 वर्षीय हिंदू युवती को बहला फुसलाकर उसका अपहरण कर लिया। उसके बाद उसका धर्म परिवर्तन करने का प्रयास किया। मौका पाकर युवती आरोपियों के चंगुल से बाहर आई। इस मामले की रिपोर्ट पीड़िता के पिता ने दर्ज कराई। इस मामले में दोनों आरोपी की तरफ जमानत अर्जी पेश करते हुए झूठ रांजिशन फंसाए जाने, कोई अपराध ना करन...
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