बरेली, फरवरी 13 -- विंडरमेयर थिएटर फेस्टिवल के चौथे दिन मुंबई के आएडी फॉर ड्रामा के कलाकारों ने खिचिक नाटक का मंचन किया। शिव सुब्रमण्यम के लिखे नाटक का हिंदी अनुवाद और निर्देशन दिव्या जगदले ने किया है। घनश्याम लालसा और स्निग्धा आनंद प्रकाश के अभिनय ने दर्शकों को कहानी के साथ बांधे रखा। नाटक खिचिक दो प्रमुख किरदारों के जीवन में 45 बरसों तक फैली कहानी है। पहले हिस्से में पूजा खन्ना (स्निग्धा) और संजीव मेनन (घनश्याम) कॉलेज में मिलते हैं और एक-दूसरे के प्यार में डूब जाते हैं। दूसरे एक्ट में उनकी शादी हो चुकी है। संजीव अब वामपंथ की ओर झुकाव वाला प्रोफेसर है और पूजा कॉरपोरेट मिडिल मैनेजमेंट में है। शादीशुदा जिंदगी आखिरकार तलाक तक पहुंच तक खत्म होती है। तीसरे एक्ट में दोनों एक बार फिर मिलते हैं। दोनों अब साठ के हो चुके हैं। उम्र के इस पड़ाव पर दो...
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