बस्ती, सितम्बर 10 -- मखौड़ाधाम। मखक्षेत्र के नंदनगर चौरी बाजार में पहलगाम आतंकी हमले में मारे गए श्रद्धालुओं व पितरों की मुक्ति के लिए श्रीराम कथा का आयोजन हो रहा है। सात दिनों तक चलने वाली कथा के वहले दिन कथाव्यास योगी जगतगुरु रामानुजाचार्य करपात्री महाराज ने धर्म, मर्यादा, सदाचरण चेतना का मूल मंत्र बताया। उन्होंने कहा कि धर्म धारण करने के लिए जरूरी नहीं कि ग्रंथों का अध्ययन किया जाए। शरीर की सुप्त ग्रंथियों को जागृत कर उन्हें चेतन कर एक आदर्श जीवन और समाज स्थापित किया जा सकता है। चेतना में ही करुणा, परोपकार, दया, मौलिकता निहित है। उन्होंने कहा कि राम कथा राष्ट्रकथा होनी चाहिए। आतंकी ताकतें कलयुग की आसुरी प्रवृत्ति का परिचायक हैं तो सनातनी व हिंदू राम के आदर्शों का पालक है। कथा में यजमान अनिल पाण्डेय, राधेश्याम कमलापुरी, श्रीश पांडेय, आश...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.