सीवान, सितम्बर 24 -- हसनपुरा, एक संवाददाता। शारदीय नवरात्र के दूसरे दिन मंगलवार को नगर पंचायत हसनपुरा सहित पूरे इलाकों में मां भगवती के द्वितीय स्वरूप मां ब्रह्मचारिणी की विधि-विधान से पूजा-अर्चना की गई। जहां सुबह से ही श्रद्धालु व्रत रखकर देवी मंदिरों की ओर उमड़ते दिखे और भक्तिभाव के साथ मां के दर्शन किए। उसरी बुजुर्ग निवासी आचार्य राजू मिश्रा ने बताया कि मां ब्रह्मचारिणी तप, संयम और साधना की प्रतीक हैं। इनकी पूजा से साधक को उत्तम फल की प्राप्ति होती है। वे सभी विद्याओं की ज्ञाता हैं और ब्रह्मांड की रचना की आधारशिला हैं। आचार्य मिश्रा ने बताया कि जब ब्रह्मा जी ने सृष्टि की रचना शुरू की थी, तब उन्होंने सबसे पहले मां ब्रह्मचारिणी से आशीर्वाद लिया था। पूरे दिन भक्तों ने व्रत रहकर पूजा-अनुष्ठान में भाग लिया। मंदिरों में नारियल, चुनरी, श्रृंग...
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