कानपुर, दिसम्बर 18 -- सर्दी में घने कोहरे में घुले धूल-धुएं के कणों के कारण हवा की सेहत बेहद खराब बनी हुई है। शहर का एयर क्वालिटी इंडेक्स (एक्यूआई) अभी भी यलो श्रेणी में बना हुआ है। खासबात यह है कि कार्बन मोनोऑक्साइड (सीओ) जैसी गैस में कोई खास कमी नहीं आ रही है। दिल्ली में एक्यूआई 373 रिकॉर्ड किया गया लेकिन कानपुर में यह इसका एक तिहाई 125 रहा। शहर में धूल-धुआं अधिक है लेकिन जिन सेंटरों पर इसे रिकॉर्ड किया गया वहां आसपास खुदाई आदि नहीं हो रही है और पानी का छिड़काव भी किया जा रहा है। कोहरे की दृश्यता रात में शून्य होना और दिन में भी स्थिति गंभीर होना यह बताता है कि धूल-धुआं अधिक है। धूल-धुआं की अधिकतम संख्या नेहरू नगर में रही जहां पीएम 2.5 की अधिकतम मात्रा 192 माइक्रोग्राम प्रति घन मीटर रही। यह सामान्य स्थिति में मात्र 60 होना चाहिए। मानक स...
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