औरंगाबाद, नवम्बर 27 -- दाउदनगर प्रखंड के बेल्हाडी और अंछा गांव में फाइलेरिया की पहचान के लिए रात्रिकालीन रक्त-पट संग्रह अभियान की शुरुआत की गई है। स्वास्थ्य विभाग की इस पहल में पिरामल कार्यक्रम के पदाधिकारी अताउल्लाह खान, बीसीएम अमृता कुमारी, लैब टेक्निशियन ब्रजेश कुमार, संजय कुमावत, आशा कार्यकर्ता और जीविका दीदियाँ सक्रिय भूमिका रही। जीविका परियोजना प्रबंधक अरुण कुमार के सहयोग से ग्रामीणों को फाइलेरिया जांच के महत्व और निर्धारित समय पर रक्त देने की अपील की गई। अताउल्लाह खान ने बताया कि फाइलेरिया के परजीवी रात में अधिक सक्रिय रहते हैं, इसलिए वास्तविक स्थिति जानने के लिए रात्रि में ही रक्त-पट संग्रह किया जाता है। इस अभियान के तहत प्रखंड क्षेत्र के छह सौ लोगों के नमूने लेने का लक्ष्य है। 28 नवंबर से अच्छा गांव में विशेष अभियान चलाया जाएगा, ...