औरंगाबाद, जनवरी 9 -- दाउदनगर प्रखंड में आधार कार्ड निर्माण और सुधार की सरकारी व्यवस्था पूरी तरह ठप होने से आम जनता भारी परेशानियों का सामना कर रही है। प्रखंड मुख्यालय में एक भी सरकारी आधार केंद्र नहीं रहने के कारण लोग मजबूरी में निजी संचालित केंद्रों पर जाने को विवश हैं, जहां मनमानी वसूली की जा रही है। स्थिति यह है कि नया आधार बनवाने या मामूली सुधार के लिए भी तय शुल्क से कई गुना अधिक राशि ली जा रही है। सरकार ने राशन, पेंशन, छात्रवृत्ति, बैंकिंग, मोबाइल सिम, जमीन संबंधी काम और अन्य कई सेवाओं में आधार कार्ड को अनिवार्य कर दिया है, लेकिन आधार बनवाने और सुधार कराने की व्यवस्था सरकारी स्तर पर उपलब्ध नहीं कराई गई है। पहले केंद्र सरकार द्वारा अधिकृत कैफे संचालकों के माध्यम से आधार निर्माण की सुविधा दी गई थी। इसके बाद बैंक, पोस्ट ऑफिस, प्रखंड मुख...