अररिया, दिसम्बर 26 -- कुर्साकांटा, निज प्रतिनिधि पीएचसी कुर्साकांटा का भवन पूरी तरह जर्जर है। इस भवन में काम करने वाले डॉक्टर सहित कर्मी हमेशा डरे सहमे रहते हैं। भवन के अधिकतर कमरों से छत झड़ रहे हैं। एक बार तो छत का प्लस्टर गिरने से कर्मी बाल बाल बच गये थे। बारिश के मौसम में छत से पानी का रिसाव होने लगता है। अधिक पानी होने पर ओपीडी सहित अन्य कमरों में नीचे के फर्श पर पानी जमा हो जाता है। ओपीडी की हालत तो ओर भी बदतर है। इस कारण काम करने वाले चिकित्सकों व रोगियों को परेशनी का सामना करना पड़ता है। साथ ही अन्य कमरे में काम करने वाले कर्मी को भी परेशानी उठानी पड़ती है। यही नहीं कार्यालय के कागजों को भी सुरक्षित रख पाना मुश्किल हो रहा है। इसके साथ ही जर्जर मकान व कमरे की कमी के कारण दवा के कार्टन को इधर उधर रखना पड़ता है। इससे पीएचसी आने वाले रोगी...
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