पाकुड़, जुलाई 17 -- दस साल बाद सेठ के चंगुल से छूट परिजनों से मिला बच्चा - जिला परिषद सदस्य मंजुला हांसदा के पहल पर परिजनों की लौटी खुशियां.... - छह साल की उम्र में बंगाल गया बच्चा, 16 साल का बन कर लौटा.... पाकुड़, प्रतिनिधि। पश्चिम बंगाल में बंधुआ मजदूरी कर रहे नाबालिग युवक 10 वर्षों बाद अपने घर वापस लौट सका। पाकुड़ के जिला परिषद सदस्य मंजुला हांसदा के पहल पर यह संभव हो सका और परिजनों की खुशियां लौटी। मामला सदर प्रखंड के कालिदासपुर का है। बुधवार को बच्चे को बाल कल्याण समिति में प्रस्तुत करने के बाद बच्चे को परिजनों को सौंप दिया गया। बाल कल्याण समिति पाकुड़ से मिली जानकारी के अनुसार नाबालिक पांच वर्ष की उम्र में ही अनाथ हो गया था। जिसके बाद उसके दादा-दादी बच्चे का पालन-पोषण करते थे। 10 साल पहले बच्चा दादा-दादी के साथ मजदूरी करने के लिए पश्...
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