भभुआ, फरवरी 6 -- वर्ष 1994 में जब प्रखंड का दर्जा मिला तब चकबंदी कार्यालय को रामपुर से भगवानपुर में शिफ्ट नहीं जा सका, झेल रहे हैं परेशानी प्रखंड पंचायत समिति की बैठक में प्रस्ताव पास करने के बाद भी नहीं खुला कार्यालय अधिकारी या कर्मी से भेंट नहीं होने पर वाहन किराया और समय की होती है बर्बादी (पेज चार की बॉटम खबर) भगवानपुर, एक संवाददाता। चक से जुड़ी जमीन के कागजात के लिए भगवानपुर प्रखंड के किसानों को 10 किमी. की सैर करनी पड़ रही है। इस समस्या से वह 31 वर्षों से जूझते आ रहे हैं। चकबंदी कार्यालय रामपुर है, जहां चक से जुड़े काम कराने के लिए भगवानपुर के किसानों को रामपुर जाना पड़ता है। भगवानपुर भी प्रखंड मुख्यालय है, पर चहां चकबंदी कार्यालय नहीं खुला है। किसान बताते हैं कि अफसर व कर्मी से भेंट नहीं होने पर उन्हें अप-डाउन 40 रुपया भाड़ा, उनके इंतजा...
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