फतेहपुर, फरवरी 13 -- फतेहपुर। सरकारी रकम में बंदरबाट से पंचायतों में विकास का पंख उड़ान नहीं भर पाया। सरकंडी, ललौली, हरदौलपुर में घोटाला और फर्जी कार्यो की फेयरिस्त ने आईना दिखाया है। चकइटौली में लाखों की अनियमितताओं के आरोपों पर बगैर दस्तावेज जांच अधूरी रह गई थी। जिला प्रशासन ने जांच को पूरी करने के लिए प्रधान और सचिव को दस्तावेज के साथ मौजूद रहने के आदेश दिया है। बता दे कि मनरेगा की लापरवाही पर अपर आयुक्त जांच कर चुके है। बहुआ ब्लॉक की चकइटौली ग्राम पंचायत के संतोष तिवारी, संगम लाल, अवधेश कुमार ने गड़बड़ी की शिकायत की थी। तीन पंचवर्षीय तक शौचालय, हैंडपंप समेत विकास कार्यो में फर्जी कार्य और अनियमितताओं के आरोप लगाए थे। बताया था कि वर्ष 2011 से 2020 तक स्वच्छ भारत मिशन के तहत शौचालयों के नाम पर 49.25 लाख का गबन हुआ। मात्र 182 शौचालयों का...