सोनभद्र, मार्च 10 -- म्योरपुर, हिंदुस्तान संवाद। दक्षिणांचल के म्योरपुर, बभनी, दुद्धी, कोन और चोपन ब्लॉक के 276 गांव के लगभग दो लाख आबादी फ्लोरोसिस के लाइलाज बीमारी के चपेट में है। इसका निदान नहीं किया गया तो आने वाली पीढ़ी के लिए चिंता का विषय बन जाएगा। उक्त बाते वरिष्ठ अधिवक्ता और पर्यावरण चिंतक अभिषेक चौबे, अपना दल के जिलाध्यक्ष अंजनी पटेल वरिष्ठ अधिवक्त विकास शाक्य आदि ने फ्लोराइड चोपन ब्लॉक के पडरछ पटेल नगर नई बस्ती हरा आदि क्षेत्र का दौरा कर पीड़ित ग्रामीणों से मिलने के बाद कही। टीम ने बताया कि सर्वाधिक प्रभावित क्षेत्र के रूप में चिन्हित गांवों में शुद्ध पेयजल आपूर्ति के विषय में अपनों से जानकारी ली। इसके पूर्व जिला अध्यक्ष ने इन गांवों का दौरा करके जिले के उच्च अधिकारियों के समक्ष इस मुद्दे को गंभीरता से उठाया था, जिस पर जिला अधिकार...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.