नई दिल्ली, जनवरी 27 -- सुप्रीम कोर्ट ने मंगलवार को केंद्र सरकार से तेजाब हमले से संबंधित कानून में बदलाव करने का सुझाव दिया है ताकि यह सुनिश्चित किया जा सके कि ऐसे मामलों में दोषियों को 'असाधारण सजा' दी जाए। शीर्ष अदालत ने केंद्र से कहा कि वह इन मामलों में कुछ कानूनी दखल के बारे में सोचें, यह दहेज हत्या से कम गंभीर नहीं है। मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत और न्यायमूर्ति आर. महादेवन और जॉयमाल्या बागची की पीठ ने सरकार को तेजाब हमले के मामलों में दोषियों की संपत्ति जब्त करने के बारे में भी विचार करने को कहा है ताकि पीड़िता को मुआवजा दिया जा सके। मुख्य न्यायाधीश सूर्यकांत ने मौखिक तौर पर केंद्र सरकार से कानून में बदलाव कर सजा के प्रावधान को सख्त करने को कहा। साथ ही निर्दोष होने के बारे में साक्ष्य जुटाने का भार आरोपी पर ही डालने पर केंद्र विचार करे...
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