वाराणसी, दिसम्बर 6 -- वाराणसी, मुख्य संवाददाता। काशी तमिल संगमम् के लिए नमो घाट पर बनाए गए मंच पर उत्तर और दक्षिण भारती की सांस्कृतिक प्रस्तुतियां हुईं। शुक्रवार को चौथे दिन पांच प्रस्तुतियां हुईं। दो दक्षिण भारत के कलाकारों तथा तीन स्थानीय कलाकारों ने दीं। उत्तर मध्य क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र प्रयागराज एवं दक्षिण क्षेत्र सांस्कृतिक केंद्र तंजावूर की ओर से आयोजित प्रस्तुतियों ने दर्शकों को भाव विभोर कर दिया। इस संध्या का मुख्य आकर्षण दक्षिण भारत के लोकनृत्य रहे। ओलियट्टम और थप्पट्टम के माध्यम से कलाकारों ने वहां की विराट सांस्कृतिक धरोहरों से काशीवासियों को परिचित कराया। रविचंद्रन और उनके दल की इन दोनों ही प्रस्तुतियों का दर्शकों ने खूब आनंद लिया। इससे पूर्व प्रस्तुतियों की शुरुआत काशी के महेंद्र यादव एवं साथियों के बिरहा गायन से हुआ। देव...