नई दिल्ली, सितम्बर 8 -- नई दिल्ली, विशेष संवाददाता। कम कीमत वाले ड्रोन और इन्हें रोकने के लिए बने एंटी ड्रोन सिस्टम, दोनों ही सुरक्षा बलों के लिए गंभीर चुनौती बनकर सामने आए हैं। सस्ते ड्रोन को मार गिराने के लिए जहां बलों को महंगी मिसाइलों का इस्तेमाल करना पड़ता है, वहीं एंटी ड्रोन सिस्टम सेनाओं के रडार सिस्टम पर प्रतिकूल असर डाल रहे हैं। ऑपरेशन सिंदूर के दौरान सेनाओं को इस तरह की चुनौतियों का सामना करना पड़ा। एंटी ड्रोन सिस्टम के रडार पर पड़ने वाले प्रभाव को लेकर हाल ही में नौसेना के उप प्रमुख तरुण सोबती ने सार्वजनिक रूप से चिंता जताई थी। ऑपरेशन सिंदूर के दौरान पाकिस्तान की तरफ से बड़ी संख्या में सस्ते ड्रोन भारत की ओर भेजे गए थे, जिनमें से ज्यादातर हथियारबंद नहीं थे। लेकिन कई जगह इन्हें नष्ट करने के लिए मिसाइलें दागनी पड़ीं। दो-तीन लाख र...
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