नई दिल्ली, अक्टूबर 10 -- अमेरिका के राष्ट्रपति डोनाल्ड ट्रंप नोबेल पुरस्कार के लिए खुलेआम दावा ठोक चुके हैं। लेकिन नोबेल समिति ने उनका यह सपना तोड़ दिया है। इस वर्ष का नोबेल शांति पुरस्कार मारिया कोरिना माचडो को दिया गया है। मारिया मचाडो वेनेजुएला की नेता प्रतिपक्ष हैं उन्होंने वहां पर लोकतांत्रिक अधिकारों को बढ़ावा देने और तानाशाही से लोकतंत्र की ओर अपने देश को ले जाने के लिए लगातार संघर्ष किया है। ट्रंप के तमाम दावों और उनके समर्थक देशों की तरफ से किए जा रहे खुले समर्थन के समिति ने ट्रंप की जगह मारिया का नाम चुना। समिति ने मारिया के नाम की घोषणा करते हुए कहा कि वेनेजुएला जैसे देश में तानाशाही के कारण राजनीतिक काम करना आसान नहीं है। मारिया लगातार अपने देश में तानाशाही के बाद भी निष्पक्ष चुनावों की मांग कर रही है। आपको बता दें नोबेल पीस प...
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