पटना, फरवरी 20 -- वज्रपात और डूबने की घटनाओं की रोकथाम के लिए पंचायत स्तर तक ठोस हस्तक्षेप जरूरी है। चेतावनी तंत्र सक्रिय होने के बाद भी ऐसी घटनाएं होना एक चुनौती है। आपदा प्रबंधन प्राधिकरण सदस्य पीएन राय ने शुक्रवार को ज्ञान भवन में आयोजित कार्यशाला में ये बातें कही। उन्होंने इसके लिए पंचायतों को विशेष दायित्व एवं वित्तीय संसाधन उपलब्ध कराने की दिशा में चल रहे प्रयासों की जानकारी दी। उन्होंने बताया कि डूबने की घटनाओं में लगभग 70 प्रतिशत पीड़ित बच्चों का होना चिंताजनक है। अतः स्कूलों के जरिए जागरूकता चलाई जाए। वर्ष 2026-2030 के लिए दीर्घकालिक रणनीति बनाकर प्रयास किए जायें। प्राधिकरण सदस्य एनके सिंह ने नावों के अनिवार्य पंजीकरण, क्षमता अनुरूप संचालन तथा अनुदान भुगतान प्रक्रिया को सरल बनाने पर बल दिया। गांव स्तर तक प्रभावी जनजागरूकता को सबस...
Click here to read full article from source
To read the full article or to get the complete feed from this publication, please
Contact Us.