बगहा, फरवरी 14 -- डीजे के शोर ने अंग्रेजी, बैग वाइपर और ढोल ताशा बजाने वाले बैंड पार्टी के कलाकारों के रोजगार छीन लिये हैं। बैंड पार्टी के साथ उसके कलाकार भी परेशानियों से जूझ रहे हैं। तंगहाली में जी रहे कलाकारों को परिवार चलाने, बच्चों को पढ़ाने व इलाज कराने के लिए गंभीर मुसीबतों का सामना करना पड़ता है। कलाकार बताते हैं कि अधिकतर लोगों के पास आयुष्मान कार्ड तक नहीं हैं और न ही प्रशासनिक स्तर पर इसके लिए कोई कैंप लगाया गया। ऐसे में गंभीर बीमारियों का इलाज कराने में उन्हें कर्ज लेना पड़ता है। ध्रुव पासवान और मुन्ना ने बताया कि बच्चों को आरटीई के तहत निजी स्कूलों में नामांकन नहीं मिलता है। सरकारी स्कूलों में आज भी पढ़ाई की बेहतर व्यवस्था नहीं है। अधिकांश कलाकार ग्रामीण परिवेश से आते हैं। शहरी क्षेत्र में रहने के कारण उन्हें सरकारी योजनाओं का ला...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.