प्रयागराज, दिसम्बर 6 -- इलाहाबाद हाईकोर्ट ने वाराणसी की सुषमा देवी से जुड़े एक साइबर फ्रॉड के मामले में राज्य सरकार से जवाब मांगा है। कोर्ट ने पूछा है कि सुप्रीम कोर्ट ने हाल ही में 'डिजिटल अरेस्ट' और साइबर ठगी के पीड़ितों के बारे में जो फैसला सुनाया था, उसके पालन में क्या कार्रवाई की गई है। इस मामले में उन पीड़ितों के बारे में बात की जा रही है, जिनके बैंक खातों का इस्तेमाल साइबर ठगों ने गैर-कानूनी पैसे ट्रांसफर करने के लिए किया है। सुषमा देवी के वकील ने कोर्ट को बताया कि उन्हें एक मल्टी-स्टेट साइबर फ्रॉड गिरोह ने शिकार बनाया। उन्हें कम ब्याज पर 10 लाख रुपये का लोन देने का लालच दिया गया। लोन की पात्रता के लिए लेन-देन का इतिहास बनाने के बहाने, ठगों ने उनका एक बैंक खाता खुलवाया और केवल 48 घंटे के अंदर उस खाते से एक करोड़ रुपये का लेन-देन कर...
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