बेगुसराय, जनवरी 6 -- बेगूसराय, निज संवाददाता। मौसम में परिवर्तन का असर इंसानों के साथ-साथ पशुओं में भी देखने को मिल रहा है। जिला पशु शल्य चिकित्सक सुनील कुमार ने बताया कि ठंड में बैक्टिरियल ग्रोथ कम होने के कारण पशुओं में होने वाली बिमारियों की संभावना कम होती है, लेकिन इस दौरान पशुपालकों द्वारा असावधानी से उनके स्वास्थ्य में गिरावट देखने को मिलते हैं। उन्होंने बताया कि मौसम परिवर्तन के कारण जानवर स्ट्रेस में चले जाते हैं। ऐसे में उनके रख रखाव में साफ-सफाई नहीं होने के कारण लम्पी, स्कीन डीजीज जैसी बीमारी हो सकती है। इस मौसम में होने वाली सबसे खतरनाक बीमारी हाइपोथर्मिया है। इस बीमारी में पशुओं का शरीर का तापमान सामान्य स्तर से घटता रहता है। ऐसे में उचित देखभाल ना होने के कारण पशुओं की जान चली जाती है। साथ ही साथ बकरियों में पीपीआर व कुत्तो...
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