मधुबनी, फरवरी 6 -- मधुबनी । मिथिलांचल के वाणिज्यिक और प्रशासनिक केंद्र के रूप में विख्यात झंझारपुर शहर आज अपनी ही प्रगति के बोझ तले दबा जा रहा है। शहर का कोई भी कोना, कोई भी चौक और कोई भी गलियारा ऐसा नहीं बचा है, जहां जाम की भीषण त्रासदी ने आम आदमी का जीना मुहाल न कर रखा हो। कहने को तो यह अनुमंडल मुख्यालय है, लेकिन यहां की ट्रैफिक व्यवस्था पूरी तरह बदहाल है। खासकर आरएस से लेकर झंझारपुर के राम चौक तक की सड़क, जो शहर की लाइफलाइन मानी जाती है। अब आम जनता के लिए यहां आवागमन में मुसीबत खड़ी हो रही है। यह वही पथ है जो एनएच-27 का लिंक पथ होने के साथ-साथ मधेपुर से आने वाले हजारों लोगों को अनुमंडल कार्यालय, व्यवहार न्यायालय और मुख्य बाजार से जोड़ता है। पांच किलोमीटर का सफर और घंटों की प्रताड़ना: आरएस से राम चौक की दूरी महज पांच किलोमीटर है, लेकिन यहा...