आरा, दिसम्बर 2 -- -कामनाएं ही दु:खों का मूल कारण फोटो जीयर स्वामी कोईलवर, एक संवाददाता। लक्ष्मी प्रपन्नाचार्य जीयर स्वामी जी महाराज ने पचैना गांव में आयोजित श्री लक्ष्मी नारायण महायज्ञ के दौरान अपने प्रवचन में कामना को दु:ख का कारण बताते हुए कहा कि मनुष्य के सभी दु:खों की जड़ अनियंत्रित कामना है। उन्होंने बताया कि जब हमारी इच्छाएं पूरी नहीं होती, तो मन अशांत हो जाता है। इसलिए जीवन में अगर कामना के अनुसार न मिले उसे प्रभु की इच्छा मानकर शांत रहना ही सच्ची शांति का मार्ग है। परिवार, रिश्तेदार या मित्र से अपेक्षाएँ पूरी न होने पर मनुष्य मानसिक तनाव में घिर जाता है, इसलिए अपेक्षा कम और संतोष अधिक होना चाहिए। संत ने स्पष्ट कहा कि पूजा, दान, धर्म, व्रत या तीर्थ करने से उतनी शांति नहीं मिलती, जितनी मन की स्थिरता और संयम से मिलती है। उन्होंने आज ...