सिद्धार्थ, फरवरी 23 -- सिद्धार्थनगर, निज संवाददाता। सेवा जब साधना बन जाए और प्रकृति के प्रति संवेदना जीवन का मूल मंत्र बन जाए, तब समाज में परिवर्तन के पावन संकल्प जन्म लेते हैं। मानव सेवा और लोक कल्याण की इसी भावना को साकार करने के उद्देश्य से संत निरंकारी मिशन द्वारा प्रोजेक्ट अमृत के अंतर्गत स्वच्छ जल, स्वच्छ मन अभियान के चौथे चरण का शुभारंभ रविवार को किया गया। संत निरंकारी मंडल के सचिव जोगिंदर सुखीजा ने बताया कि यह व्यापक अभियान देश भर में 1500 से अधिक स्थानों पर एक साथ आयोजित हुआ। शहर के जमुआर पुल पर बने छठ घाट पर सफाई कार्यक्रम की शुरुआत नगर पालिका अध्यक्ष गोविंद माधव ने की। नपा अध्यक्ष ने कहा कि जल केवल एक संसाधन नहीं, बल्कि जीवन का आधार और ईश्वर की अमूल्य देन है। इसकी रक्षा करना प्रत्येक नागरिक का नैतिक दायित्व है। मुखी डॉ. राजाराम...
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