पटना, जनवरी 16 -- जलछाजन संविदा कर्मियों ने कृषि विभाग की ओर से मनाए गए जलछाजन महोत्सव में अनदेखी का आरोप लगाया है। कर्मियों का कहना है कि योजना को जमीन पर उतारने वाले वाटरहेड डेवलपमेंट टीम विशेषज्ञों को इस कार्यक्रम से दूर रखा गया। योजना की रीढ़ माने जाने वाले संविदा कर्मियों को नजरअंदाज किया गया। एक ओर जहां अन्य विभागों में संविदा कर्मियों के मानदेय में वृद्धि की जा रही है, वहीं भूमि संरक्षण निदेशालय के पदाधिकारियों ने हम विशेषज्ञों का मानदेय 35 हजार से घटाकर मात्र 13,200 रुपये कर दिया है। बिहार राज्य जलछाजन कर्मचारी संघ के महासचिव अश्विनी सिंह ने कहा कि विभाग के कुछ उच्चाधिकारी इस मामले पर मंत्री और प्रधान सचिव को गुमराह कर रहे हैं। हम सभी विशेषज्ञों को महोत्सव से दूर रखना इसी साजिश का हिस्सा है ताकि सच्चाई उच्च स्तर तक न पहुंच सके। इस ...
Click here to read full article from source
इस लेख के रीप्रिंट को खरीदने या इस प्रकाशन का पूरा फ़ीड प्राप्त करने के लिए, कृपया
हमे संपर्क करें.