भागलपुर, जनवरी 4 -- जमुई। अंतर्राष्ट्रीय ब्रेल दिवस के अवसर पर दृष्टिहीनों के जीवन में ब्रेल लिपि के महत्व पर केकेएम कॉलेज के के स्नातकोत्तर अर्थशास्त्र विभाग के विभागाध्यक्ष एवं वरीय सहायक प्राचार्य डॉ. गौरी शंकर पासवान ने कहा कि ब्रेल लिपि का आविष्कार दृष्टिहीनों के लिए वरदान और पुरस्कार है. प्रतिवर्ष 4 जनवरी को फ्रांस के शिक्षाविद् लुई ब्रेल के जन्म दिन पर विश्व ब्रेल दिवस मनाया जाता है। कहते हैं कि 3 साल की उम्र में ही इस सुंदर संसार को देखने में असमर्थ लुई ब्रेल ने सन 1824 में 15 साल की उम्र में ब्रेल लिपि का आविष्कार किया था। ब्रेल लिपि दुनिया भर के दृष्टिहीनों के लिए ज्ञान का द्वार सिद्ध हुआ। ब्रेल लिपि आज दुनिया में नेत्रहीनों की शिक्षा का सशक्त माध्यम बन गई है। उन्होंने कहा कि ब्रेल लिपि समावेशी समाज की पहचान और मानव गरिमा की अमि...
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