रुद्रपुर, नवम्बर 29 -- रुद्रपुर। राष्ट्रीय बाल स्वास्थ्य कार्यक्रम के तहत जिले की 18 टीमों के चिकित्सा अधिकारियों, फार्मासिस्टों और स्टाफ नर्सों को जनजाति विकृतियों की पहचान संबंधी प्रशिक्षण शनिवार को सीएमओ कार्यालय में सम्पन्न हुआ। समापन सत्र में एसीएमओ डॉ. हरेंद्र मलिक ने प्रतिभागियों को प्रमाणपत्र वितरित किए। उन्होंने कहा कि टीमें आंगनबाड़ी केंद्रों और विद्यालयों में बच्चों का स्वास्थ्य परीक्षण करें और अनुपस्थित बच्चों के अभिभावकों से संपर्क कर घर पर भी जांच सुनिश्चित करें, ताकि कोई बच्चा सेवाओं से वंचित न रहे। गंभीर रोगग्रस्त बच्चों को तत्काल डीआईसीसीओ को संदर्भित करने के निर्देश दिए गए। डॉ. प्राची अग्रवाल ने बताया कि एसएस ट्रैकिंग के माध्यम से मास्टर ट्रेनर के रूप में प्रशिक्षण दिया गया। कार्यक्रम में हिमांशु मर्सुनी, भंडारी, जावेद अ...
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